नई दिल्ली : बांग्लादेश में शेख हसीना के प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा देकर देश छोड़ने के बाद बड़े पैमाने पर हिंसक घटनाएं हुई हैं। राजधानी ढाका, चटगांव और कुलना समेत अन्य क्षेत्रों में हिंदुओं को निशाना बनाया गया है। हिंदू मंदिरों, घरों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों में तोड़फोड़ की गई है। महिलाओं पर भी हमले हुए है। इस बीच बांग्लादेश में तेजी से बदल रहे हालात को बीच बड़ा कदम उठाया गया है। बांग्लादेश में एंबेसी का वीजा सेंटर अगले ऑर्डर तक बंद रहेगा। यह फैसला भारतीय दूतावास का है। हिंसा को देखते हुए दूतावास की सुरक्षा भी बढ़ाई गई है।
अंतरिम सरकार लेगी शपथ : इस बीच यहां यह भी बता दें कि, नोबेल पुरस्कार से सम्मानित अर्थशास्त्री मोहम्मद यूनुस बृहस्पतिवार (08-08-2024) को बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के प्रमुख के तौर पर शपथ लेंगे। अधिकारी कानून-व्यवस्था पर नियंत्रण करने में जुटे हैं। शेख हसीना के अपदस्थ होने के बाद देश के सुरक्षा महकमे में बड़ा फेरबदल किया गया है। सेना प्रमुख जनरल वकार-उज-जमां ने बुधवार को घोषणा की थी कि अंतरिम सरकार बृहस्पतिवार को रात करीब आठ बजे शपथ लेगी। उन्होंने कहा था कि सलाहकार परिषद में 15 सदस्य हो सकते हैं। जनरल जमां ने कहा था सेना यूनुस को हरसंभव सहायता प्रदान करेंगे।
क्या है दूतावास का काम : बता दें कि, किसी भी देश के साथ बेहतर राजनयिक संबंध स्थापित करने में दूतावास की अहम भूमिका होती है। संबंध और संपर्क बनाए रखने के साथ ही एंबेसी दूसरे देशों में रहने वाले अपने नागरिकों की सहायता करती है। दुनिया के कम से कम 121 देशों में भारत के दूतावास हैं, इसके अलावा बड़ी संख्या में कई देशों में भारत ने अपने वाणिज्य दूतावास भी खोले हैं। इन्हीं दूतावासों के जरिए विदेश से भारत यात्रा करने के इच्छुक विदेशी नागरिकों को वीजा आदि जारी किया जाता है। राजनयिक के साथ ही वाणिज्य संबंध स्थापित करने में भी इनकी अहम भूमिका होती है।