पाकिस्तान : बलोच प्रदर्शनकारियों पर गोलियां की बौछार, 3 की मौत; शवों के साथ धरना दे रहे लोगों पर कार्रवाई

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नई दिल्ली/क्वेटा : पाकिस्तान में मानवाधिकार कार्यकर्ता महरंग बलोच को क्वेटा पुलिस-प्रशासन ने शनिवार को उस वक्त गिरफ्तार कर लिया जब वह अपने समुदाय पर हो रहे अत्याचारों के खिलाफ धरना-प्रदर्शन में हिस्सा ले रही थीं। इस दौरान पाकिस्तान सरकार और सेना व सुरक्षा एजेंसियों के खिलाफ दिए गए धरने पर फायरिंग में तीन बलोच कार्यकर्ताओं की मौत हो गई। प्रदर्शन स्थल पर जब लोग मृतकों के शव लेकर बैठे तो सुरक्षाकर्मियों ने शवों को भी कब्जे में ले लिया और कई लोगों को गिरफ्तार कर लिया।

बलोच यकजेहती समिति (बीवाईसी) ने कहा, डॉ. महरंग बलोच को उनके अन्य सहयोगियों के साथ गिरफ्तार किया गया है। पुलिस प्रशासन ने इस दौरान बलोच महिलाओं और बच्चों पर भी कार्रवाई की। बीवाईसी ने कहा, पुलिस व सरकारी एजेंसियों ने आंदोलनकारियों पर आंसू गैस, पानी की बौछारें और गोलियां चलाईं। इस दौरान तीन बलोच युवक मारे गए और दर्जनों घायल हो गए। बीवाईसी ने इन कार्रवाइयों को सरकार प्रायोजित आतंकवाद बताते हुए शुक्रवार देर रात क्वेटा के सरियाब इलाके में मारे गए युवकों के शवों के साथ धरना शुरू किया। शनिवार तड़के पुलिस ने कार्रवाई की। बाद में घटना पर पाकिस्तान ने दुख जताया।

आज बंद रहेगा बलूचिस्तान : आंदोलनकारियों पर बर्बर कार्रवाई से पहले एक वीडियो संदेश में महरंग बलोच ने रविवार को बलूचिस्तान बंद का एलान किया। उन्होंने कहा, बीवाईसी पाकिस्तान सरकार के इस उत्पीड़न व आतंकवाद के खिलाफ है। बलूचिस्तान में शांतिपूर्ण प्रदर्शनों पर सरकार इसी तरह की बर्बरतापूर्ण प्रतिक्रिया देती है।

यूएन में उठा मामला : बलूचिस्तान में दमनात्मक कार्रवाइयों का मुद्दा जिनेवा में संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद (यूएनएचआरसी) के 58वें सत्र में भी उठाया गया। बैठक में बलोच राष्ट्रीय आंदोलन (बीएनएम) के विदेश विभाग के समन्वयक नियाज बलोच ने क्षेत्र में मानवाधिकारों की बिगड़ती स्थिति की जानकारी दी।

क्वेटा में पाकिस्तानी फौज की बर्बरता और मानवाधिकार नेता महरंग बलोच को गिरफ्तार करने का मामला ब्रिटेन तक गूंजा है। लंदन में बलोच नेशनल मूवमेंट की विदेश समिति के सदस्य हकीम बलोच ने महरंग की गिरफ्तारी की कड़ी आलोचना की है।

मनमाने ढंग से कई हिरासत में : बलूचिस्तान में छात्र संगठन-आजाद (बीएसओ-ए) और बीएनएम जैसे राजनीतिक संगठनों के कार्यकर्ताओं को मनमाने ढंग से हिरासत में लिया जा रहा है। बीवाईसी के केंद्रीय समिति सदस्य बीबर्ग जेहरी और उनके वैज्ञानिक भाई, हम्माल जेहरी के हाल ही में गायब होने का हवाला भी संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार में दिया गया है। इनमें जबरन गायब होने कई नामों का हवाला दिया गया।

खैबर पख्तूनख्वा में तीन की मौत : पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में शनिवार को एक हथगोला फटने से तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि एक घायल है। विस्फोट अफगानिस्तान  सीमा से लगे पाराचिनार शहर में हुआ। पुलिस ने बताया कि एक व्यक्ति ने उस समय हथगोले में विस्फोट कर दिया, जब मौके पर मौजूद कई लोगों के बीच किसी मुद्दे पर बहस छिड़ी हुई थी।

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