नई दिल्ली/रावलपिंडी : पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान से उनकी बहन उजमा खान ने मंगलवार को करीब एक महीने बाद रावलपिंडी की अदियाला जेल में मुलाकात की है। करीब 20 मिनट हुई मुलाकात के बाद उजमा खान ने बताया कि इमरान खान स्वास्थ्य हैं, लेकिन उन्हें मानसिक तौर पर परेशान किया जा रहा है। बता दें कि पाकिस्तान सरकार ने मंगलवार को इमरान खान की बहन को जेल में उनसे मिलने की इजाजत दे दी थी।
बहन ने मुलाकात के बाद दिया अहम अपडेट : इमरान खान से मुलाकात के बाद अदियाला जेल के बाहर पत्रकारों से बात करते हुए उजमा ने कहा, उनकी सेहत ठीक है। मगर वो गुस्से थे। उन्होंने कहा कि ये मुझे मानसिक तौर पर परेशान कर रहे हैं। सारा दिन कमरे में बंद रखते हैं, थोड़ा सा बाहर निकलने की इजाजत है। किसी से कोई बातचीत नहीं। मैं अपनी बहनों (अलीमा खान और नोरीन खान) से सलाह-मशविरा करने के बाद डिटेल में अपडेट दूंगी।
डॉ. उजमा ने इमरान के हवाले से कहा कि सेना प्रमुख फील्ड मार्शल सैयद आसीम मुनीर के इशारे पर जेल के अधिकारी उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रहे हैं। उन्हें दिन के अधिकांश समय अपनी कोठरी में रखा जाता है और केवल कुछ समय के लिए ही बाहर जाने की अनुमति दी जाती है। यह भी कहा कि उन्हें किसी से भी बातचीत करने की इजाजत नहीं है। उनकी बहनों ने चेतावनी दी है कि खान को कुछ भी हुआ तो इसमें शामिल लोगों और उनके परिवारों को यहां और विदेशों में पाकिस्तानियों द्वारा बख्शा नहीं जाएगा।
बता दें कि पिछले एक महीने से उनसे किसी को मिलने की इजाजत नहीं दी गई थी। लंबे समय से इमरान खान से उनके परिजनों को पाकिस्तान सरकार मिलने नहीं दे रही थी। पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के प्रमुख से उनके परिवार वालों के लगातार मिलने से मना करने के कारण सोशल मीडिया पर यह अटकलें लगाई जा रही थीं कि वह जिंदा हैं या मर गए। हालांकि अदियाला जेल अधिकारियों ने दावा किया कि उनकी सेहत अच्छी है।
पीटीआई ने गुरुवार को एक बयान में बताया था कि आज सरकार ने डॉ. उजमा को उनके भाई से जेल में मिलने की अनुमति दे दी। अगस्त 2023 से जेल में बंद 73 वर्षीय पूर्व क्रिकेटर और राजनेता से उनके परिवार के सदस्यों को मिलने नहीं दिया जा रहा था। इस वजह से सोशल मीडिया पर अटकलें लगने लगी थीं कि क्या वह जिंदा भी हैं या नहीं। हालांकि, अदियाला जेल अधिकारियों ने दावा किया है कि इमरान स्वस्थ हैं। पूर्व पीएम के बेटे कासिम खान ने भी सोशल मीडिया पर सरकार से उनके पिता के जिंदा होने का सबूत पेश करने की मांग की थी। पीटीआई और खान की बहनों ने चेतावनी दी है कि सरकार उन्हें मिलने नहीं देती है या खान को कुछ होता है तो इसके गंभीर परिणाम होंगे।
स्कूल और कॉलेज बंद : इस बीच पंजाब सरकार ने पीटीआई के विरोध-प्रदर्शन को रोकने के लिए अदियाला रोड पर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया है। सरकार ने पहले ही रावलपिंडी और इस्लामाबाद में धारा 144 (चार या अधिक लोगों के जमा होने पर प्रतिबंध) लगा रखी है। जेल के बाहर का लगभग 8 किलोमीटर का इलाका पूरी तरह से सील कर दिया गया है। पंजाब सरकार के एक अधिकारी ने बताया कि 8 किलोमीटर का एक हिस्सा पूरी तरह से सील है। स्कूल और कॉलेज बंद हैं। निवासियों को इलाके से गुजरने के लिए अपना पहचान पत्र दिखाना पड़ रहा है।
पीटीआई समर्थित सांसद कानून का करें पालन : डॉन के मुताबिक, खैबर पख्तूनख्वा के मुख्यमंत्री सोहेल अफरीदी ने पहले कहा था कि 27 अक्टूबर के बाद से किसी को भी इमरान या उनकी पत्नी बुशरा बीबी से मिलने की इजाजत नहीं दी गई है। आंतरिक राज्य मंत्री तल्लाल चौधरी ने मीडिया को चेतावनी दी कि चाहे वे इस्लामाबाद हाईकोर्ट (आईएचसी) या अदियाला जेल आएं, धारा 144 के तहत बिना भेदभाव के कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने पीटीआई समर्थित सांसदों से कानून का पालन करने का आग्रह किया।
