किशनगंज : केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह बुधवार शाम तीन दिवसीय सीमांचल दौरे पर पहुंचे। 25 से 27 फरवरी तक चलने वाले इस प्रवास के दौरान वे किशनगंज, अररिया और पूर्णिया जिलों में विभिन्न कार्यक्रमों और उच्चस्तरीय बैठकों में भाग लेंगे। अंतरराष्ट्रीय सीमाओं से सटे इस क्षेत्र की रणनीतिक और सामरिक अहमियत को देखते हुए दौरे को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रशासन ने पूर्णिया और किशनगंज समेत पूरे सीमांचल में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है।
गृह मंत्री शाम करीब 4:30 बजे दिल्ली से हवाई मार्ग से पूर्णिया पहुंचे, जहां से वे सीधे किशनगंज के लिए रवाना हुए। किशनगंज पहुंचने पर बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय और पथ निर्माण मंत्री दिलीप जायसवाल ने उनका स्वागत किया।
किशनगंज पहुंचते ही गृह मंत्री ने मिर्ची सभागार में बीएसएफ (सीमा सुरक्षा बल), एसएसबी (सशस्त्र सीमा बल) और जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय बैठक की। बैठक में भारत-नेपाल सीमा की सुरक्षा, घुसपैठ, तस्करी और अन्य सुरक्षा चुनौतियों पर विस्तार से चर्चा की गई। अंतर्राज्यीय समन्वय को मजबूत करने के उद्देश्य से पश्चिम बंगाल के वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारी भी बैठक में शामिल हुए।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर व्यापक इंतजाम किए गए हैं। एयरपोर्ट से कार्यक्रम स्थलों तक कड़ी निगरानी रखी गई है। रूट लाइनिंग, पार्किंग और यातायात प्रबंधन के लिए विशेष चार्ट तैयार किया गया है। स्वास्थ्य विभाग को भी अलर्ट पर रखा गया है। एम्बुलेंस, ट्रॉमा सपोर्ट और मेडिकल टीमों को आपात स्थिति से निपटने के निर्देश दिए गए हैं।
अमित शाह का यह दौरा चार वर्षों बाद सीमांचल के इन संवेदनशील इलाकों में उनकी पहली आधिकारिक यात्रा है। तीनों जिले किशनगंज, अररिया और पूर्णिया नेपाल और बांग्लादेश की सीमाओं के नजदीक होने के कारण सुरक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण हैं। दौरे के दौरान गृह मंत्री ‘वाइब्रेंट विलेज’ कार्यक्रम की समीक्षा करेंगे, जिसका उद्देश्य सीमावर्ती गांवों का समग्र विकास और बुनियादी ढांचे को सुदृढ़ करना है।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, 25 फरवरी की रात वे किशनगंज स्थित गुजरी मेमोरियल मेडिकल कॉलेज में विश्राम करेंगे। 26 फरवरी को वे अररिया में जनप्रतिनिधियों और सुरक्षा अधिकारियों के साथ बैठक करेंगे। 27 फरवरी को पूर्णिया में विकास योजनाओं की समीक्षा के बाद वे दिल्ली के लिए रवाना होंगे।
